‘माफ़ कर दो, हम कर्जमाफी का राहुल गाँधी वाला वादा पूरा नहीं कर पाए’, कमलनाथ सरकार के वादों की खुली पोल

6

नई दिल्ली : कमलनाथ सरकार में मंत्री गोविन्द सिंह भिंड के मेहगांव में किसान ऋण माफी कार्यक्रम में हिस्सा लेने पहुंचे, जहाँ उन्होंने किसानों की कर्ज माफ़ी का वायदा न पूरा कर सकने के लिए आम जनता से माफ़ी माँगी है।

‘माफ़ कर दो, हम कर्जमाफी का राहुल गाँधी वाला वादा पूरा नहीं कर पाए’, कमलनाथ सरकार के वादों की खुली पोल

2018 में हुए मध्य प्रदेश के पिछले विधानसभा चुनावों के दौरान तब के कॉन्ग्रेस अध्यक्ष राहुल गाँधी ने सरकार बनने के 10 दिन के भीतर किसानों के 2 लाख रुपए तक के कर्ज को माफ़ करने का वादा किया था। उन्होंने तब यह भी कहा था कि ऐसा न कर पाने की स्थिति में वो अपने मुख्यमंत्री को बदले देंगे।

राहुल गाँधी के इसी वादे को याद करते हुए सामान्य प्रशासन मंत्री गोविन्द सिंह ने, इसके पूरे न होने पर जनता से माफ़ी माँगी। हालाँकि उन्होंने इसके लिए प्रदेश की पिछली भाजपा सरकार को दोषी ठहराते हुए कहा कि पिछली सरकार हमारे ऊपर 14,000 करोड़ रुपए का कर्जा छोड़ गई है, जिस कारण से हमारी कमलनाथ सरकार वित्तीय दबावों से जूझ रही है।

तमाम कोशिशों के बाद मध्य प्रदेश में वापसी कर पाई कांग्रेस ने कमलनाथ के नेतृत्व में पहले चरण में कुल 7,154 करोड़ तथा दिसंबर 2019 लोन माफ़ी के दूसरे चरण में 11,675 करोड़ रुपए की कर्ज माफ़ी की गई, जिसमें से ज्यादातर किसानों पर कर्ज 50,000 रुपए से कम था जबकि वादा 2 लाख रुपए तक के कर्ज को माफ़ करने का किया गया था।

कांग्रेस सरकार की इस कर्जमाफी पर प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा ने आरोप लगाया कि मध्य प्रदेश में कांग्रेस सरकार बनने के साल भर से ज्यादा होने के बावजूद भी अब तक राहुल गाँधी द्वारा किया गया कर्जमाफी का वादा आधा ही पूरा हो सका है।

loading...