भारत दागने जा रहा है अंडरवॉटर न्यूक्लियर मिसाइल, पलक झपकते ही दुश्मनों का हो जायेगा सफाया

5

नई दिल्ली : भारत तकनीकी के क्षेत्र में सफलता की ऊँचाईयों को छूंकर विश्व जगत में अपनी छाप छोड़ रहा है. इसी बीच भारत एक और न्यूक्लियर मिसाइल का परीक्षण करने जा रहा है. डिफेंस रिसर्च एंड डेवलपमेंट ऑर्गेनाइजेशन (डीआरडीओ) यह परीक्षण 8 नवंबर को आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम तट से करेगा. बताया जा रहा है कि पानी के अंदर बने एक प्लेटफॉर्म से इसकी लॉन्चिंग की जाएगी.

भारत दागने जा रहा है अंडरवॉटर न्यूक्लियर मिसाइल, पलक झपकते ही दुश्मनों का हो जायेगा सफाया

इसके पहले B0-5 न्यूक्लियर मिसाइल का भारत ने सफल परिक्षण किया था. जिसकी मारक क्षमता 700 किलोमीटर से भी अधिक है. इस लिहाज से देखा जाए तो के-4 भारत की सबसे शक्तिशाली अंडर वॉटर मिसाइल होगी.

डिफेंस रिसर्च एंड डेवलपमेंट ऑर्गेनाइजेशन (डीआरडीओ) ने इससे पहले 700 किमी मारक-क्षमता वाली बीओ-5 मिसाइल तैयार की थी. डीआरडीओ सूत्रों का कहना है कि के-4 का परीक्षण पिछले ही महीने करना था, लेकिन किसी कारण से इसे टाल दिया गया.

भारत दागने जा रहा है अंडरवॉटर न्यूक्लियर मिसाइल, पलक झपकते ही दुश्मनों का हो जायेगा सफाया

न्यूक्लियर आर्म्ड सबमरीन वाला भारत विश्व का छठा देश
मालूम हो कि अमेरिका, ब्रिटेन, फ्रांस, रूस और चीन के अलावा भारत ऐसा छठा देश है जिसके पास अंडर वॉटर न्यूक्लियर मिसाइल है. 2016 देश में बनी पहली न्यूक्लियर आर्म्ड सबमरीन आईएनएस अरिहंत को अगस्त 2016 में नेवी के बेड़े में शामिल किया गया था.

सूत्रों का कहना है कि आईएनएस अरिहंत से न्यूक्लियर मिसाइल दागी जाएगी. कहा जा रहा है कि डीआरडीओ अगले कुछ हफ्तों में अग्नि-3 और ब्रह्मोस मिसाइल के परीक्षण की योजना भी बना रहा है.

loading...